ज्ञान में ही शक्ति है, और आत्मज्ञान ही सबसे बड़ा ज्ञान है,अन्धविश्वास को छोड़कर अपने भीतर का शब्द सुनो, तुम्हारा सच्चा पथ-प्रदर्शक तुम्हारे भीतर वर्तमान है !

संपर्क करें


प्रधान कार्यालय व प्रकाशकीय पता 
                                                              प्रधान कार्यालय व प्रकाशकीय पता 
अ० भू०स० मुनिसमाज (पंजी०)   
आदि मुनीश्वाराश्रम अलहदादपुर 
गोरखपुर-273001